उत्तरकाशी: गंगोत्री-गोमुख ट्रैक पर एक दर्दनाक हादसा सामने आया है। चीड़बासा से करीब दो किलोमीटर आगे कच्चीढांग के पास महाराष्ट्र निवासी 63 वर्षीय यात्री का पैर फिसल गया, जिसके बाद वह खाई से होते हुए नदी के तेज बहाव में जा गिरे। हादसे के बाद से यात्री लापता है।

सूचना मिलने पर शनिवार सुबह वन विभाग और एसडीआरएफ की टीम मौके पर पहुंची और नदी तथा आसपास की खाई में खोजबीन शुरू की। हालांकि, लगातार बारिश और क्षेत्र में शुरू हुई बर्फबारी के कारण रेस्क्यू अभियान को रोकना पड़ा। अब रविवार को दोबारा सर्च ऑपरेशन चलाने की तैयारी है।
गोमुख ट्रैक के दौरान हुआ हादसा
गंगोत्री नेशनल पार्क के रेंज अधिकारी प्रदीप बिष्ट के अनुसार, महाराष्ट्र निवासी रामकुमार हनुमान गुप्ता (63) शुक्रवार को अपने बेटे विशाल राम कुमार और अन्य साथियों के साथ गोमुख ट्रैक के लिए रवाना हुए थे।
करीब 12 किलोमीटर ट्रैक करने के बाद कच्चीढांग के समीप अचानक रामकुमार का पैर फिसल गया। वह खाई से नीचे गिरते हुए नदी के तेज बहाव में जा गिरे। उनके साथ मौजूद बेटे और अन्य साथी काफी देर तक क्षेत्र में उनकी तलाश करते रहे।
कनखू बैरियर पर दी गई सूचना
घटना के बाद रामकुमार के बेटे और उनके साथ मौजूद अन्य लोग देर शाम वापस लौटे। उन्होंने कनखू बैरियर पर वन विभाग की टीम और पुलिस-प्रशासन को हादसे की जानकारी दी।
सूचना मिलते ही शनिवार सुबह वन विभाग और एसडीआरएफ की टीम घटनास्थल के लिए रवाना हुई।
नदी और खाई में चलाया गया सर्च ऑपरेशन
रेस्क्यू टीम ने कच्चीढांग के आसपास नदी के किनारे और खाई वाले हिस्सों में खोजबीन की। टीम ने संभावित स्थानों पर काफी देर तक सर्च ऑपरेशन चलाया, लेकिन लापता यात्री का कोई सुराग नहीं मिल सका।
इसी दौरान क्षेत्र में मौसम खराब होने लगा। लगातार बारिश के साथ बर्फबारी शुरू होने से रेस्क्यू टीम के लिए अभियान जारी रखना मुश्किल हो गया।
रविवार को फिर शुरू होगा अभियान
मौसम की स्थिति को देखते हुए शनिवार को खोज एवं बचाव अभियान रोक दिया गया। इसके बाद टीम वापस गंगोत्री लौट आई।
अधिकारियों के अनुसार, मौसम अनुकूल रहने पर रविवार को दोबारा सर्च ऑपरेशन शुरू किया जाएगा। फिलहाल लापता यात्री की तलाश जारी है और रेस्क्यू टीम नदी के आसपास के संभावित क्षेत्रों पर नजर बनाए हुए है।