हरिद्वार: उत्तराखंड के हरिद्वार जिले के ज्वालापुर में देर रात आए तेज आंधी-तूफान के कारण सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र (CHC) परिसर की करीब 20 फीट लंबी दीवार भरभराकर गिर गई। दीवार के मलबे की चपेट में आने से वहां खड़ी दो कारें क्षतिग्रस्त हो गईं। गनीमत रही कि हादसे के वक्त आसपास कोई मौजूद नहीं था, जिससे जनहानि नहीं हुई।


घटना के बाद इलाके में अफरा-तफरी मच गई। हादसे को लेकर स्वास्थ्य केंद्र परिसर की दीवार की मजबूती और सार्वजनिक स्थानों पर सुरक्षा व्यवस्था पर भी सवाल उठ रहे हैं।
रात 11 बजे अचानक गिरी दीवार, मलबे में दबीं कारें
जानकारी के मुताबिक, देर रात करीब 11 बजे ज्वालापुर क्षेत्र में अचानक तेज आंधी-तूफान आया। इस दौरान सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र परिसर में पानी की टंकी के पास बनी दीवार तेज हवाओं के कारण गिर गई।
दीवार गिरने की तेज आवाज सुनकर आसपास के लोग मौके पर पहुंचे। उस समय परिसर में खड़ी दो कारें दीवार के मलबे की चपेट में आ गईं और क्षतिग्रस्त हो गईं। राहत की बात यह रही कि हादसे के समय वहां कोई व्यक्ति मौजूद नहीं था।
रामलीला आयोजन के दौरान हो सकता था बड़ा हादसा
दीवार गिरने की घटना के बाद स्थानीय स्तर पर सुरक्षा व्यवस्था को लेकर चिंता जताई जा रही है। बताया गया कि कुछ दिन पहले तक इसी स्थान पर रामलीला का आयोजन किया जा रहा था। दीवार के ठीक बगल में दर्शकों के बैठने के लिए कुर्सियां लगाई गई थीं और दर्शक दीर्घा बनाई गई थी।
ऐसे में यदि दीवार रामलीला आयोजन के दौरान गिरती, तो वहां मौजूद लोगों के इसकी चपेट में आने का खतरा था। घटना ने सार्वजनिक आयोजनों वाले स्थानों पर निर्माण की स्थिति और सुरक्षा इंतजामों की नियमित जांच की जरूरत को भी उजागर किया है।
आपदा प्रबंधन विभाग ने दिए राहत कार्य के निर्देश
जिला आपदा प्रबंधन अधिकारी मीरा रावत कैंतुरा के अनुसार, राहत एवं बचाव टीम को मौके पर भेजा गया है। मलबा हटाने और राहत कार्य कराने के निर्देश दिए गए हैं। उन्होंने बताया कि दीवार का पुनर्निर्माण जल्द कराने की प्रक्रिया भी की जाएगी।
पानी की टंकी को भी खतरा, स्थानीय लोगों ने उठाई मरम्मत की मांग
स्थानीय निवासी अतुल गुप्ता ने बताया कि दीवार गिरने से परिसर में स्थित पानी की टंकी को भी खतरा पैदा हो गया है। उन्होंने संबंधित विभाग से तत्काल आवश्यक मरम्मत और सुरक्षा उपाय करने की मांग की।
स्थानीय लोगों का कहना है कि सार्वजनिक स्थानों पर बनी दीवारों और अन्य संरचनाओं की समय-समय पर जांच की जानी चाहिए, ताकि इस तरह की घटनाओं से होने वाले नुकसान को रोका जा सके। फिलहाल, हादसे में दो कारों को नुकसान पहुंचा है और किसी के हताहत होने की सूचना नहीं है।