
देहरादून। रायपुर थाना क्षेत्र में पंकज मित्तल की संदिग्ध परिस्थितियों में हुई मौत के मामले में पुलिस ने बिल्डर पुनीत अग्रवाल के खिलाफ आत्महत्या के लिए उकसाने के आरोप में प्राथमिकी दर्ज की है। मृतक के भाई अजय मित्तल की शिकायत के आधार पर भारतीय न्याय संहिता (बीएनएस) की धारा 108 के तहत मुकदमा दर्ज कर पुलिस ने जांच शुरू कर दी है। शिकायत में व्यापारिक लेन-देन को लेकर पंकज मित्तल को कथित तौर पर मानसिक रूप से प्रताड़ित करने और आत्महत्या के लिए मजबूर करने का आरोप लगाया गया है।

दो मंजिला इमारत के नीचे संदिग्ध हालत में मिले थे पंकज
पुलिस को दी गई शिकायत के मुताबिक, 26 अक्टूबर की सुबह करीब 11 बजे पंकज मित्तल दो मंजिला इमारत के नीचे घायल अवस्था में मिले थे। उनके सिर पर चोट लगी थी। घटना की सूचना मिलने के बाद पुलिस ने मामले की जांच शुरू की। इस दौरान घटनास्थल से एक सुसाइड नोट मिलने की बात भी सामने आई है।
शिकायतकर्ता अजय मित्तल के अनुसार, सुसाइड नोट में बिल्डर पुनीत अग्रवाल पर व्यापारिक लेन-देन को लेकर मानसिक रूप से परेशान करने और आत्महत्या के लिए मजबूर करने के आरोप लगाए गए हैं। हालांकि, इन आरोपों की स्वतंत्र पुष्टि होना अभी बाकी है।
भाई की शिकायत पर दर्ज हुई प्राथमिकी
पंकज मित्तल मूल रूप से पंजाब के मंडी गोबिंदगढ़, जिला फतेहगढ़ साहिब के निवासी थे। उनके भाई अजय मित्तल ने पुलिस को लिखित शिकायत देकर मामले में कार्रवाई की मांग की थी। शिकायत के आधार पर रायपुर थाना पुलिस ने 26 अक्टूबर की रात 11:24 बजे प्राथमिकी दर्ज की।
सुसाइड नोट और व्यापारिक लेन-देन की जांच करेगी पुलिस
मामले की जांच उपनिरीक्षक दीपक देवड़ी को सौंपी गई है। पुलिस अब सुसाइड नोट में दर्ज आरोपों, संबंधित व्यापारिक लेन-देन और पंकज मित्तल की मौत से जुड़ी परिस्थितियों की पड़ताल करेगी।
जांच के दौरान जुटाए जाने वाले साक्ष्यों और तथ्यों के आधार पर आगे की कानूनी कार्रवाई की जाएगी। फिलहाल, बिल्डर पुनीत अग्रवाल के खिलाफ लगाए गए आरोपों की पुष्टि जांच के बाद ही हो सकेगी।