

युद्ध के दृश्य में हुआ हादसा
जानकारी के अनुसार, खटीमा के कांजाबाग मार्ग स्थित श्री सिद्धेश्वर शिव मंदिर में पिछले कई वर्षों से रामलीला का मंचन किया जा रहा है। रामलीला के एक दृश्य में सूर्पणखा की नाक कटने के बाद क्रोधित खर्दूषण भगवान श्रीराम से युद्ध करने पहुंचता है।
इसी दृश्य में खर्दूषण की भूमिका निभा रहे अमित जोशी बाण लगने के बाद गिरने का अभिनय कर रहे थे। इसी दौरान उनके हाथ में मौजूद तलवार की नोक उनकी गर्दन में घुस गई। हादसे में उनकी गर्दन और जीभ पर गंभीर चोटें आईं।
दर्शकों को पहले लगा अभिनय का हिस्सा
हादसा अचानक हुआ, जिसके चलते शुरुआत में दर्शकों को लगा कि अमित का गिरना रामलीला के दृश्य का ही हिस्सा है। हालांकि, कुछ ही देर में वास्तविक स्थिति सामने आने के बाद मंच पर मौजूद कलाकारों और दर्शकों में हड़कंप मच गया।
घायल अमित को तत्काल खटीमा के सरकारी अस्पताल ले जाया गया। वहां प्राथमिक उपचार के बाद उनकी गंभीर चोटों को देखते हुए बेहतर इलाज के लिए आनंद हॉस्पिटल रेफर कर दिया गया।
चिकित्सकों ने बताया, अब खतरे से बाहर हैं अमित
आनंद हॉस्पिटल में डॉ. कुलदीप सिंह, डॉ. अखिलेश गुप्ता और अन्य चिकित्सकों की टीम ने घायल कलाकार का उपचार किया।
चिकित्सकों के अनुसार, अमित जोशी की हालत अब खतरे से बाहर है। हालांकि, गर्दन और जीभ पर गंभीर चोटें आने के कारण उन्हें कई दिनों तक आराम करने की सलाह दी गई है।
हादसे के बावजूद रामलीला जारी रखने का फैसला
रामलीला कमेटी के अध्यक्ष प्रेम प्रकाश जोशी ने बताया कि अमित जोशी एक अच्छे कलाकार हैं और रामलीला में बेहतर अभिनय करते हैं। मंचन के दौरान हुआ हादसा अप्रत्याशित था, जिससे कमेटी के सभी सदस्य चिंतित हो गए।
उन्होंने बताया कि हादसे के बावजूद रामलीला कमेटी ने मंचन जारी रखने का निर्णय लिया है।
खटीमा में रामलीला के दौरान हुई इस घटना ने कलाकारों और दर्शकों को चिंता में डाल दिया। फिलहाल घायल कलाकार का उपचार जारी है और उनकी स्थिति में सुधार की जानकारी सामने आई है।