देहरादून: उत्तराखंड के मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने प्रदेश में पेयजल, सिंचाई, पर्यटन और आधारभूत ढांचे के विकास से जुड़ी विभिन्न परियोजनाओं के लिए करीब 38 करोड़ रुपये की वित्तीय स्वीकृति प्रदान की है। इसके साथ ही राज्य सरकार के पांचवें और छठे केंद्रीय वेतन आयोग के तहत पेंशन प्राप्त कर रहे सिविल एवं पारिवारिक पेंशनरों की महंगाई राहत (Dearness Relief-DR) में 1 जनवरी 2026 से प्रभावी वृद्धि को भी मंजूरी दे दी गई है।
सरकार का कहना है कि इन निर्णयों से प्रदेश में विकास कार्यों को गति मिलने के साथ-साथ पेंशनरों को भी आर्थिक राहत मिलेगी।

सिंचाई परियोजनाओं के लिए 27.89 करोड़ रुपये मंजूर
मुख्यमंत्री ने नाबार्ड (NABARD) वित्तपोषित योजना के अंतर्गत चमोली और अल्मोड़ा जिलों में सिंचाई विभाग की पांच परियोजनाओं के लिए 12.83 करोड़ रुपये की स्वीकृति दी है। इसके अलावा सिंचाई विभाग की सात अन्य योजनाओं के लिए 15.06 करोड़ रुपये मंजूर किए गए हैं।
इन परियोजनाओं का उद्देश्य सिंचाई व्यवस्था को सुदृढ़ बनाना, जल संसाधनों का बेहतर प्रबंधन करना और किसानों को पर्याप्त सिंचाई सुविधा उपलब्ध कराना है।
चंपावत में पेयजल सुविधाओं का होगा विस्तार
ग्रामीण क्षेत्रों में पेयजल व्यवस्था को मजबूत करने के लिए मुख्यमंत्री ने चंपावत जिले में 50 हैंडपंप और 31 सोलर पैनलों की स्थापना हेतु 3.98 करोड़ रुपये की वित्तीय स्वीकृति प्रदान की है। इस योजना से दूरस्थ क्षेत्रों में स्वच्छ पेयजल उपलब्ध कराने में मदद मिलेगी।
मुक्तेश्वर पर्यटक आवास गृह के उच्चीकरण को मिली मंजूरी
प्रदेश में पर्यटन सुविधाओं को बेहतर बनाने के उद्देश्य से नैनीताल जिले के मुक्तेश्वर स्थित पर्यटक आवास गृह के उच्चीकरण के लिए 4.96 करोड़ रुपये मंजूर किए गए हैं। सरकार का मानना है कि इस परियोजना से पर्यटकों को आधुनिक सुविधाएं मिलेंगी और क्षेत्र में पर्यटन गतिविधियों को बढ़ावा मिलेगा।
पौड़ी में एनसीसी अकादमी के लिए पहली किस्त जारी
मुख्यमंत्री ने पौड़ी गढ़वाल में प्रस्तावित एनसीसी अकादमी की स्थापना के लिए संशोधित 50 करोड़ रुपये की परियोजना लागत के सापेक्ष पहली किस्त के रूप में 1 करोड़ रुपये जारी करने की स्वीकृति दी है। इस परियोजना का उद्देश्य राज्य में एनसीसी गतिविधियों और प्रशिक्षण सुविधाओं को मजबूत करना है।
मुख्यमंत्री ने दिए गुणवत्ता और समयबद्ध क्रियान्वयन के निर्देश
मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने कहा कि राज्य सरकार प्रदेश के संतुलित और सर्वांगीण विकास के लिए निरंतर कार्य कर रही है। उन्होंने अधिकारियों को निर्देश दिए कि सभी स्वीकृत परियोजनाओं का समयबद्ध, पारदर्शी और गुणवत्तापूर्ण क्रियान्वयन सुनिश्चित किया जाए, ताकि योजनाओं का लाभ जल्द से जल्द आम जनता तक पहुंच सके।
पेंशनरों की महंगाई राहत में वृद्धि
मुख्यमंत्री ने राज्य सरकार के पांचवें और छठे वेतनमान के अंतर्गत पेंशन प्राप्त कर रहे सिविल एवं पारिवारिक पेंशनरों की महंगाई राहत (DR) बढ़ाने के प्रस्ताव को भी मंजूरी दी है।
नई दरों के अनुसार—
- पांचवें वेतनमान के पेंशनरों की महंगाई राहत 474 प्रतिशत से बढ़ाकर 484 प्रतिशत कर दी गई है।
- छठे वेतनमान के पेंशनरों की महंगाई राहत 257 प्रतिशत से बढ़ाकर 262 प्रतिशत कर दी गई है।
संशोधित दरें 1 जनवरी 2026 से प्रभावी होंगी। राज्य सरकार के इस फैसले से हजारों सिविल एवं पारिवारिक पेंशनरों को आर्थिक लाभ मिलेगा।