रुद्रपुर: कांग्रेस सांसद प्रियंका गांधी वाड्रा की जेठानी सायरा वाड्रा से जुड़े चर्चित खान फार्म विवाद में शनिवार को बड़ा घटनाक्रम सामने आया। किच्छा सिविल कोर्ट के आदेश के बाद जिला प्रशासन ने सायरा वाड्रा को पुलिस सुरक्षा के बीच खान फार्म में प्रवेश कराया। न्यायालय ने मामले में 1 जुलाई से पहले की स्थिति (स्टेटस क्वो) बहाल रखने के निर्देश दिए हैं। इसके साथ ही फार्म हाउस और आसपास के क्षेत्र में सुरक्षा व्यवस्था कड़ी कर दी गई है।

अवमानना याचिका पर कोर्ट का फैसला
जानकारी के मुताबिक, सायरा वाड्रा ने 3 जुलाई को सिविल जज (सीनियर डिवीजन) किच्छा की अदालत में अवमानना याचिका दाखिल की थी। याचिका में आरोप लगाया गया था कि न्यायालय के पूर्व आदेशों का पालन नहीं किया गया और यथास्थिति बदलने का प्रयास किया गया।
दोनों पक्षों की दलीलें सुनने के बाद अदालत ने शनिवार को आदेश जारी करते हुए कहा कि 1 जुलाई से पहले की स्थिति तत्काल प्रभाव से बहाल की जाए। साथ ही अंतिम निर्णय आने तक किसी भी पक्ष को वर्तमान स्थिति में बदलाव करने की अनुमति नहीं होगी।
कोर्ट ने जिला प्रशासन को यह भी निर्देश दिया कि सायरा वाड्रा और उनके सहयोगियों की सुरक्षा सुनिश्चित की जाए, ताकि न्यायालय के आदेशों का शांतिपूर्ण तरीके से पालन कराया जा सके।
पुलिस सुरक्षा के बीच खान फार्म पहुंचीं सायरा वाड्रा
अदालत का आदेश मिलते ही प्रशासन और पुलिस की टीम सक्रिय हो गई। अधिकारियों की मौजूदगी में सायरा वाड्रा को सुरक्षा घेरे में खान फार्म तक पहुंचाया गया। किसी भी संभावित विवाद या कानून-व्यवस्था की स्थिति से निपटने के लिए फार्म परिसर और उसके आसपास अतिरिक्त पुलिस बल तैनात किया गया है।
एसडीएम बोले- कोर्ट के निर्देशों का कराया गया पालन
किच्छा के उपजिलाधिकारी गौरव पांडे ने बताया कि न्यायालय के आदेश के अनुरूप कार्रवाई करते हुए सायरा वाड्रा को फार्म हाउस में प्रवेश कराया गया है। उन्होंने कहा कि सुरक्षा व्यवस्था को लेकर पर्याप्त पुलिस बल तैनात किया गया है और पूरे क्षेत्र की लगातार निगरानी की जा रही है, ताकि किसी भी तरह की अप्रिय घटना न हो।
सायरा वाड्रा ने जताया अदालत का आभार
खान फार्म पहुंचने के बाद सायरा वाड्रा ने न्यायालय के फैसले का स्वागत किया। उन्होंने कहा कि “सत्य की हमेशा जीत होती है। कोर्ट ने यथास्थिति बहाल करने का आदेश दिया है और उसी के तहत मैं दोबारा फार्म हाउस पहुंची हूं। मैं न्यायालय के इस फैसले के लिए आभार व्यक्त करती हूं।”
आदेश के उल्लंघन पर होगी कार्रवाई
जिला प्रशासन ने स्पष्ट किया है कि न्यायालय के आदेशों का सख्ती से पालन कराया जाएगा। यदि कोई भी पक्ष अदालत के निर्देशों का उल्लंघन करता है तो उसके खिलाफ नियमानुसार कानूनी कार्रवाई की जाएगी। प्रशासन ने दोनों पक्षों से कानून का सम्मान करने और न्यायालय के आदेशों का पालन करने की अपील की है।
न्यायिक प्रक्रिया जारी
खान फार्म विवाद पिछले कई दिनों से चर्चा का विषय बना हुआ है। अदालत के ताजा आदेश के बाद मामला एक बार फिर सुर्खियों में आ गया है। फिलहाल विवाद न्यायिक प्रक्रिया के अधीन है और आगे की कार्रवाई अदालत में होने वाली अगली सुनवाई, दोनों पक्षों की दलीलों और प्रस्तुत साक्ष्यों के आधार पर तय होगी। वहीं प्रशासन का कहना है कि उसकी प्राथमिकता कानून-व्यवस्था बनाए रखना और न्यायालय के आदेशों का पूर्ण पालन सुनिश्चित करना है।