अल्मोड़ा। जिले के सोमेश्वर क्षेत्र में दिव्यांग व्यक्ति की हत्या के मामले में पुलिस ने अहम सफलता हासिल करते हुए लंबे समय से फरार चल रहे आरोपी को गिरफ्तार कर लिया है। आरोपी घटना के बाद कई शहरों में छिपता रहा, लेकिन आर्थिक तंगी के कारण दोबारा अल्मोड़ा लौटने पर पुलिस के हत्थे चढ़ गया।

पुलिस के अनुसार, 24 जनवरी 2026 को कोतवाली सोमेश्वर क्षेत्र के ग्राम रस्यारागांव में एक व्यक्ति का शव बरामद हुआ था। मृतक की पहचान कुंदन राम के रूप में हुई, जो दिव्यांग थे। 25 जनवरी को मृतक के भाई हरीश राम की तहरीर पर आरोपी दीपक पांडे के खिलाफ हत्या का मुकदमा दर्ज किया गया। मामले में भारतीय न्याय संहिता की संबंधित धाराओं के साथ एससी/एसटी एक्ट के तहत भी केस दर्ज किया गया।
घटना की गंभीरता को देखते हुए वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक के निर्देश पर विशेष टीमों का गठन किया गया। अपर पुलिस अधीक्षक और क्षेत्राधिकारी के नेतृत्व में पुलिस ने सीसीटीवी फुटेज खंगाले और सर्विलांस व तकनीकी साक्ष्यों की मदद से आरोपी की तलाश शुरू की।
जांच में सामने आया कि 18 जनवरी की शाम आरोपी और मृतक के बीच विवाद हुआ था। कहासुनी के दौरान आरोपी ने पत्थर से कुंदन राम के सिर पर वार कर दिया, जिससे उनकी मृत्यु हो गई। वारदात के बाद आरोपी गिरफ्तारी से बचने के लिए गाजियाबाद, गुरुग्राम, दिल्ली और वाराणसी में छिपता रहा।
करीब एक माह तक फरार रहने के बाद जब उसके पास पैसे खत्म हो गए तो वह अल्मोड़ा में परिचितों के पास पहुंचा। पुलिस को सूचना मिलते ही 15 फरवरी 2026 को करबला तिराहा से उसे गिरफ्तार कर लिया गया। आरोपी के घर से घटना के समय पहने खून से सने कपड़े भी बरामद किए गए हैं।
गिरफ्तार आरोपी दीपक पांडे (34 वर्ष) पुत्र महेश पांडे, निवासी ग्राम रस्यारागांव है। मामले का खुलासा करने वाली टीम को वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक द्वारा 1000 रुपये के नकद पुरस्कार से सम्मानित किया गया है। आरोपी को न्यायालय में पेश कर आगे की विधिक कार्रवाई की जा रही है।